
ज्योती यादव,डोईवाला। महाशिवरात्रि एवं शिव जयंती के पावन अवसर पर प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय की ओर से नगर क्षेत्र में भव्य शोभायात्रा निकाली गई। शोभायात्रा में बड़ी संख्या में ब्रह्माकुमारी बहनों, भाइयों और श्रद्धालुओं ने भाग लिया। यात्रा के दौरान विभिन्न स्थानों पर रुककर लोगों को परमपिता परमेश्वर शिव के स्वरूप और उनके दिव्य संदेश से परिचित कराया गया।
शोभायात्रा नगर के प्रमुख मार्गों से होते हुए निकली। आध्यात्मिक संदेशों के माध्यम से शांति, पवित्रता, नशामुक्ति और सकारात्मक जीवनशैली का संदेश दिया गया। वातावरण शिवमय भजनों और आध्यात्मिक नारों से गूंजता रहा।
डोईवाला केंद्र की प्रभारी राधा बहन ने शिव जयंती के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि महाशिवरात्रि आत्म जागरण का पर्व है। उन्होंने बताया, “शिव बाबा निराकार, ज्योति बिंदु स्वरूप परमपिता परमेश्वर हैं, जो मानव आत्माओं को ज्ञान और राजयोग के माध्यम से जीवन को श्रेष्ठ बनाने की राह दिखाते हैं। उनके स्मरण से मन को शांति और शक्ति प्राप्त होती है।”
उन्होंने केंद्र की गतिविधियों की जानकारी देते हुए बताया कि ब्रह्माकुमारी केंद्र पर नियमित रूप से राजयोग ध्यान, आध्यात्मिक ज्ञान सत्र, नैतिक शिक्षा और व्यक्तित्व विकास कार्यक्रम संचालित किए जाते हैं, जिनसे समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने का प्रयास किया जा रहा है।
शोभायात्रा के समापन पर विश्व शांति और मानव कल्याण की कामना के साथ सामूहिक ध्यान और प्रार्थना की गई। आयोजकों ने अधिक से अधिक लोगों से केंद्र की गतिविधियों से जुड़कर आध्यात्मिक लाभ लेने का आह्वान किया।
वहीं, मृदुला दीदी ने कहा कि आश्रम से जुड़ने पर मानसिक शांति की अनुभूति होती है और व्यक्ति को ईश्वर का सच्चा परिचय प्राप्त होता है। मौके पर ब्रांच हेड राधा दीदी, मृदुला दीदी, काजल, विमल, तेजपाल, राजू, सुदेश पाल,कमलेश, निर्मला आदि श्रद्धालु उपस्थित रहे।








































