Doon News – Local Hindi News Portal of Uttarakhand

सिडकुल घोटालाः समीक्षा बैठक में हुए चौकाने वाले खुलासे

देहरादून। अभिनव कुमार पुलिस महानिरीक्षक गढ़वाल परिक्षेत्र देहरादून ने बुधवार को पुलिस महानिरीक्षक कार्यालय, गढ़वाल परिक्षेत्र देहरादून में सिडकुल के कार्यों में हुई अनियमितताओं की जाँच के लिए गठित एसआईटी के जाँच अधिकारियों के साथ विडियो कॉन्फ्रेंसिंग से मासिक समीक्षा गोष्ठी कर उक्त प्रकरण से सम्बन्धित जांच कार्यो में प्रगति कार्यों की समीक्षा ली गयी।
बैठक में सिडकुल प्रकरण की 56 पत्रावलियों की समीक्षा की गयी। जिनमें देहरादून की 12 पत्रावली, हरिद्वार की 06 पत्रावली, ऊधमसिंहनगर की 12 पत्रावली, जनपद नैनीताल की 06 पत्रावली, अल्मोड़ा की 02 पत्रावली, पिथौरागढ़ की 02 पत्रावली, पौड़ी गढ़वाल की 12 पत्रावली, टिहरी की 04 पत्रावली व जनपद उत्तरकाशी की 01 पत्रावली की विवेचकवार समीक्षा की गयी।
बैठक के दौरान पाया कि कुछ प्रकरणो में नियमानुसार एक निश्चित धनराशि से कम के निर्माण कार्यों के निर्माण का ठेका उत्तराखंड की स्थानीय कार्यदायी संस्था को न देकर मानको के विपरीत अन्य कार्यदायी संस्था को दिया गया है। साथ ही यह भी प्रकाश में आया कि एक निश्चित अवधि तक जो कार्यदायी निर्माण संस्था ब्लैक लिस्टेड थी, को भी मानकों के विपरीत उस अवधि के दौरान निर्माण कार्यों का ठेका दिया गया। उक्त सम्बन्ध में उपरोक्त समस्त पत्रावलियों को आगामी माह के प्रथम सप्ताह तक पूर्ण करने के निर्देश दिये गये।
जनपद पिथौरागढ़ एवं उत्तरकाशी में जांच अधिकारियों द्वारा जांच में शिथिलता परिलक्षित होने पर सम्बन्धित जनपद प्रभारी को अपने निकट पर्यवेक्षण में प्राथमिकता के आधार पर निस्तारित करने के लिए निर्देशित किया गया।
पीडब्ल्यूडी के जेई द्वारा जनपद देहरादून के निर्माण कार्यों में अभी तक तकनीकि रिपोर्ट नहीं दी गयी है, इस सम्बन्ध में देहरादून में एसआईटी जांच में तकनीकी सहयोग के लिए नामित तकनीकी टीम को वांछित सहयोग देने के लिए सचिव पीडब्ल्यूडी से अनुरोध किया गया कि वह अधीनस्थ अधिकारियों को इस सम्बन्ध में समुचित निर्देश देने का कष्ट करें।
जनपद उधमसिंह नगर के एक निर्माण कार्य की मेजरमेंट बुक एसआईटी द्वारा मांगने पर उपलब्ध नहीं करायी जा रही है जिस के लिए सरकारी दस्तावेज के उपलब्ध कराने के अंतिम अवसर प्रदान करने अन्यथा प्रथम दृष्टया उपरोक्त दस्तावेज के गायब होने की आशंका के दृष्टिगत सम्बन्धित के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराने के लिए सम्बन्धित जनपद प्रभारी को निर्देश दिये गये।

Exit mobile version